श्री रामानुज संस्कृत महाविद्यालय, काशी मिश्रपोखरा, वाराणसी में संस्कृत वाङ्मय के अन्तर्गत शास्त्री (बी.ए.) एवं आचार्य के छात्रों के निमित्त साहित्य-व्याकरण-वेद - ज्योतिष - न्याय - वेदान्त - पुराण एवं आधुनिक विषय (हिन्दी, अंग्रेजी, संगणक आदि) के अध्ययन की सुविधा उपलब्ध है। जिसके निमित्त शिक्षकों की भी व्यवस्था करने का प्रबन्ध महाविद्यालय करने का प्रयास करता है। महाविद्यालय में छात्रावास, पुस्तकालय, संगणक, राष्ट्रीय सेवा योजना आदि की व्यवस्था है, जिसका उपयोग छात्र करते हैं। महाविद्यालय के विकास के निमित्त किसी भी प्रकार का अनुरक्षण अनुदान शासन से प्राप्त नहीं होता है। इस महाविद्यालय के छात्र पूर्व से लेकर अब तक योग्यता प्राप्त कर अनेक शासकीय पदों पर नियुक्त हैं एवं विविध विषयों में अपनी योग्यता का प्रचार-प्रसार देश विदेशों में जाकर करते हुये समाज कल्याण का कार्य कर रहे है। यहां के अध्ययनरत प्राचीन छात्र विद्वान होकर राष्ट्रीय एवं अन्त्तर्राष्ट्रीय स्थलों पर अपनी विद्वत्ता एवं क्षमता का प्रचार प्रसार कर रहे हैं। यहां पर भारतवर्ष के उद्भट विद्वान शिक्षकों की परम्परा रही है। महाविद्यालय में अध्ययन के साथ-साथ छात्रों को चहुमुखी विकास के लिए राष्ट्रीय सेवा योजना (र्एए) की सुविधा भी उपलब्ध है।
आप सबका सहयोग इसके उन्नयन का सम्बल है।
डॉ. लक्ष्मी नारायण दत्त शुक्ल
प्राचार्य
श्री रामानुज संस्कृत महाविद्यालय, काशी
मिश्रपोखरा वाराणसी